पश्चिम बंगाल और झारखंड में ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (ECL) के इलाकों में अवैध कोयला खनन और चोरी के खिलाफ CISF ने बड़ा अभियान चलाया है। 22 जून से 8 सितंबर के बीच चले इस अभियान में करीब 3,966 मीट्रिक टन अवैध कोयला जब्त किया गया, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 2.27 करोड़ रुपये बताई गई है।
778 स्थानों पर छापेमारी
CISF के मुताबिक अभियान के दौरान कुल 778 जगहों पर छापेमारी की गई। इन कार्रवाईयों के आधार पर MMDR एक्ट, 1957 के तहत 778 मामले दर्ज किए गए। जांच के दौरान 67 अवैध खनन गड्ढों की पहचान की गई, जिन्हें बंद कर सील कर दिया गया, ताकि वहां दोबारा अवैध खनन न हो सके।
कोयला ढोने वाले वाहन भी जब्त
अवैध कोयले के साथ उसके परिवहन में इस्तेमाल किए जा रहे कई वाहनों को भी जब्त किया गया। इनमें 2 ट्रक, 5 टोटो, 97 मोटरसाइकिल, 8 ट्रैक्टर, 218 साइकिल और 3 पिकअप वाहन शामिल हैं।
कार्रवाई के दौरान मौके से 4 लोगों को गिरफ्तार किया गया। बाद में उन्हें आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए संबंधित एजेंसियों को सौंप दिया गया।
MMDR एक्ट के तहत मिली नई ताकत
अधिकारियों के अनुसार, CISF को हाल ही में MMDR एक्ट के तहत सक्षम प्राधिकरण के समक्ष सीधे शिकायत दर्ज करने का अधिकार मिला है। इसके बाद अवैध खनन और कोयला चोरी के खिलाफ कार्रवाई में तेजी आई है। अधिकारियों का कहना है कि इस कानूनी अधिकार ने CISF को ऐसे मामलों में अधिक प्रभावी ढंग से कार्रवाई करने में मदद की है।
खुफिया इनपुट के आधार पर निगरानी जारी
CISF ने स्पष्ट किया है कि ECL के संवेदनशील इलाकों और कोयला परिवहन के रास्तों पर निगरानी एवं गश्त आगे भी जारी रहेगी। बल की ओर से खुफिया सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई करते हुए अवैध कोयला खनन और चोरी में शामिल नेटवर्क पर शिकंजा कसने की बात कही गई है।

