झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। गोइलकेरा प्रखंड के बोरोई गांव निवासी दुगा मारला उर्फ दोगे मारला को परिवार ने छह साल पहले लापता होने के बाद मृत मान लिया था और सामाजिक रीति-रिवाजों के अनुसार उसका अंतिम संस्कार भी कर दिया था। अब खुलासा हुआ है कि वह उत्तर प्रदेश की गोरखपुर जेल में हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहा है।

2020 में हुआ था लापता

जानकारी के अनुसार, वर्ष 2020 में दुगा मारला अपनी बहन के घर सोनुआ गया था। इसके बाद वह अचानक लापता हो गया। काफी खोजबीन के बावजूद उसका कोई सुराग नहीं मिला। आखिरकार परिवार ने उसे मृत मान लिया और पारंपरिक रीति-रिवाजों के तहत उसका श्राद्ध और अंतिम संस्कार कर दिया।

पत्नी ने कर ली दूसरी शादी

दुगा के मृत मान लिए जाने के बाद उसकी पत्नी ने सामाजिक परंपराओं के अनुसार दूसरी शादी कर ली, जबकि उसके तीन बच्चों की जिम्मेदारी उसके भाई ने संभाल ली।

हत्या के मामले में हुई थी गिरफ्तारी

जांच में सामने आया कि 15 अक्टूबर 2021 को उत्तर प्रदेश के गोरखपुर के पिपराइच थाना क्षेत्र में दुगा मारला ने कथित रूप से एक व्यक्ति की ईंट से हमला कर हत्या कर दी थी। घटना के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। अदालत ने हाल ही में उसे दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास और एक हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है।

कोर्ट के फैसले से हुआ खुलासा

परिजनों को वर्ष 2025 में व्हाट्सएप के जरिए उसके गोरखपुर जेल में होने की सूचना मिली थी, लेकिन उन्होंने इसे अफवाह समझकर नजरअंदाज कर दिया। हाल ही में अदालत के फैसले और मीडिया रिपोर्ट के बाद परिवार को पता चला कि जिसे वे छह साल पहले मृत मान चुके थे, वह जीवित है और जेल में सजा काट रहा है।

यह अनोखा मामला झारखंड और उत्तर प्रदेश दोनों राज्यों में चर्चा का विषय बना हुआ है। परिवार अब पूरे घटनाक्रम को लेकर हैरान है और कानूनी प्रक्रिया की जानकारी जुटा रहा है।