Coal India के निजीकरण पर कर्मचारियों का हल्ला बोल, कई जगहों पर किया जोरदार प्रदर्शन

Coal India के निजीकरण पर कर्मचारियों का हल्ला बोल, कई जगहों पर किया जोरदार प्रदर्शन

राजधानी रांची में Coal India Limited के कर्मचारियों ने कंपनी के निजीकरण के विरूद्ध सड़क पर उतर जोरदार प्रदर्शन किया. सेंट्रल कोलफिल्ड्स लिमिटेड के मुख्यालय के बाहर एकत्रित होकर इन कर्माचारियों ने सरकार द्वारा कोयला खदानों के ई – ऑक्शन के खिलाफ नारेबाजी की.

प्रदर्शन में शामिल कर्मचारियों ने कहा कि वह केंद्र सरकार के कोल इंडिया के निजीकरण के फैसले के कारण काफी असुरक्षित महसूस कर रहे हैं. कोल इंडिया के निजी हाथों में जाने से जो स्थायी नौकरी हुआ करती थी अब उसपर भी खतरा मंडरा रहा है.

गुरुवार को आयोजित इस प्रदर्शन को 5 मजदूर संघ का समर्थन हासिल था. अखिल भारतीय मजदूर संघ के सचिव राजीव रंजन ने समाचार एजेंसी एएनआई को दिये बयान में कहा कि कर्मचारी कोल इंडिया को निजी क्षेत्र में न सौंपने की मांग कर रहे हैं. हम सरकार से देश में व्यवसायिक उद्देश्य से किये जा रहे सभी कोयला खनन पर पूर्णतः पाबंदी लगाने की भी मांग करते हैं. उन्होंने आगे कहा कि सेंट्रल माइन प्लानिंग एण्ड डिज़ाइन इंस्टिट्यूट को कोल इंडिया लिमिटेड से अलग करने के फैसले पर भी सरकार को पूनर्विचार करना चाहिए.

इस प्रदर्शन के मद्देनजर झारखंड समेत सात राज्यों में कोयला खदानों में काम पूरी तरह ठप रहा. एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि सरकार 1972 – 1973 में हुए कोल इंडिया के राष्ट्रीयकरण को खत्म कर कॉर्पोरेट को सौंपना चाह रही हैं. जिसका हम सभी कर्मचारी पुरजोर तरीके से विरोध करते हैं.         

केंद्र सरकार द्वारा कोयला खनन में निजी क्षेत्र की कंपनियों के लिए प्रवेश द्वार खोलने पर झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी कड़ी आलोचना की थी. उन्होंने भी सरकार के इस निर्णय के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए कहा था कि राज्य में आदिवासियों की जल जंगल जमीन के साथ छेड़छाड़ नहीं होने दिया जाएगा.

ज्ञात रहे कि केंद्र सरकार ने गत वर्ष खनन क्षेत्र में 100 फीसदी प्रत्येक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को मंजूरी प्रदान की थी. इसके तहत देश – विदेश के सभी प्राइवेट सेक्टर की कंपनियाँ भी अब कोयला खदान के नीलामी में हिस्सा ले सकेंगी. इसकी शुरूआत भी हो चुकी हैं और पिछले ही दिनों सरकार ने झारखंड के 22 कोयला खदानों का ई – ऑक्शन कर नीलामी किया था.

Jharkhand LIVE Staff

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You cannot copy content of this page