Site icon Jharkhand LIVE

SIR के खिलाफ दिल्ली में कांग्रेस का प्रदर्शन, सुप्रीम कोर्ट की ओर कूच; शिल्पी नेहा तिर्की ने मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग उठाई

रांची/नई दिल्ली: विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार और निर्वाचन आयोग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के आह्वान पर झारखंड कांग्रेस के नेता सोमवार, 12 अक्टूबर 2026 को दिल्ली पहुंचे। यहां कांग्रेस और INDIA गठबंधन के नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, SIR प्रक्रिया रद्द करने और उनके खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा दर्ज करने की मांग को लेकर सुप्रीम कोर्ट की ओर कूच किया।

झारखंड सरकार की कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री और कांग्रेस नेत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने इस आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि लोकतंत्र, संवैधानिक मूल्यों और चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता से किसी भी तरह का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता और निर्वाचन आयोग की विश्वसनीयता लोकतंत्र की मजबूती के लिए बेहद जरूरी है।

SIR की निष्पक्षता पर उठाए सवाल

मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि SIR प्रक्रिया की निष्पक्षता और पारदर्शिता को लेकर उठ रहे सवाल किसी एक राजनीतिक दल तक सीमित नहीं हैं। इसका सीधा संबंध नागरिकों के मताधिकार, लोकतांत्रिक व्यवस्था और चुनावी संस्थाओं की विश्वसनीयता से है।

उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए प्रत्येक संवैधानिक संस्था को निष्पक्षता, पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ काम करना चाहिए। यदि चुनावी प्रक्रिया को लेकर गंभीर आपत्तियां सामने आ रही हैं, तो उनका तथ्यों के आधार पर समाधान किया जाना चाहिए।

मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग

शिल्पी नेहा तिर्की ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति से निष्पक्ष और बिना किसी राजनीतिक दबाव के काम करने की अपेक्षा की जाती है। उन्होंने कहा कि किसी भी पदाधिकारी की जवाबदेही लोकतांत्रिक व्यवस्था से ऊपर नहीं हो सकती।

कांग्रेस की मांग है कि मुख्य चुनाव आयुक्त को पद से हटाने, SIR प्रक्रिया रद्द करने और उनके खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा दर्ज करने की मांग पर उचित कार्रवाई की जाए। मंत्री ने कहा कि गंभीर आरोपों और आपत्तियों का जवाब तथ्यों तथा संवैधानिक मर्यादाओं के अनुरूप दिया जाना चाहिए।

भाजपा पर लगाया राजनीतिक संरक्षण देने का आरोप

मंत्री ने भाजपा पर मुख्य चुनाव आयुक्त को राजनीतिक संरक्षण देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा को किसी व्यक्ति विशेष का बचाव करने के बजाय निर्वाचन आयोग की निष्पक्षता और संवैधानिक गरिमा सुनिश्चित करने पर ध्यान देना चाहिए।

उन्होंने जोर देते हुए कहा कि निर्वाचन आयोग जैसी स्वतंत्र संवैधानिक संस्था की विश्वसनीयता किसी भी राजनीतिक हित से ऊपर होनी चाहिए। लोकतंत्र को मजबूत बनाए रखने के लिए चुनावी संस्थाओं की स्वतंत्रता और जनता के मताधिकार की रक्षा जरूरी है।

लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने की बात

शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि दिल्ली में कांग्रेस, INDIA गठबंधन के घटक दलों और लोकतंत्र के प्रति प्रतिबद्ध नागरिकों की भागीदारी चुनावी प्रक्रिया को लेकर लोगों की चिंता को दर्शाती है।

उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की असली ताकत जनता का विश्वास, मताधिकार की सुरक्षा और संवैधानिक संस्थाओं की निष्पक्षता में निहित है। कांग्रेस संविधान, लोकतांत्रिक व्यवस्था और नागरिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए अपनी आवाज उठाती रहेगी।

Exit mobile version