झारखंड के देवघर जिले में गुरुवार सुबह एक बड़ा रेल हादसा होते-होते टल गया, जब जसीडीह–मधुपुर रेलखंड पर एक चलती पैसेंजर ट्रेन पटरी पर खड़े धान लदे ट्रक से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रेन ट्रक को कई मीटर तक घसीटते हुए ले गई। इस हादसे का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें टक्कर के बाद का खौफनाक मंजर साफ देखा जा सकता है।
कैसे हुआ हादसा
घटना रोहिणी–नावाडीह रेलवे फाटक के पास सुबह के समय की है। बताया जा रहा है कि गोंडा–आसनसोल पैसेंजर ट्रेन (संख्या 13510) जैसे ही फाटक के पास पहुंची, उसी दौरान एक धान से लदा ट्रक रेलवे लाइन पार कर रहा था। किसी वजह से ट्रक बीच पटरी पर ही फंस गया। इससे पहले कि चालक कुछ समझ पाता, ट्रेन ने ट्रक को टक्कर मार दी।
वीडियो में दिखा भयावह दृश्य
हादसे का जो वीडियो सामने आया है, उसमें देखा जा सकता है कि ट्रेन ट्रक से टकराने के बाद उसे काफी दूरी तक घसीटती चली जाती है। ट्रक पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। आसपास मौजूद लोग चीख-पुकार करते नजर आए। वीडियो सामने आने के बाद रेलवे फाटक की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं।
जान-माल का नुकसान
रेलवे और प्रशासन की शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस हादसे में कोई बड़ा जान-माल का नुकसान नहीं हुआ। ट्रेन में सवार सभी यात्री सुरक्षित बताए जा रहे हैं। हालांकि ट्रक पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और पास में खड़ी दो मोटरसाइकिलों को भी नुकसान पहुंचा है। ट्रक चालक को मामूली चोटें आने की सूचना है।
रेल यातायात रहा बाधित
हादसे के बाद अप और डाउन दोनों लाइनों पर रेल परिचालन रोक दिया गया, जिससे कई ट्रेनों को जहां-तहां रोका गया। रेलवे की राहत टीम मौके पर पहुंची और करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद ट्रैक को साफ कर यातायात बहाल किया गया।
हादसे की वजह क्या?
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि
रेलवे फाटक पर सुरक्षा में चूक हो सकती है
यह स्पष्ट नहीं है कि फाटक बंद था या खुला, ट्रक चालक की लापरवाही या फाटक कर्मी की गलती, दोनों एंगल से जांच जारी है, रेलवे अधिकारियों ने मामले की आंतरिक जांच के आदेश दे दिए हैं।
प्रशासन का बयान
रेलवे प्रशासन का कहना है कि
“घटना की जांच की जा रही है। सौभाग्य से कोई जनहानि नहीं हुई। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
बार-बार उठते सवाल
यह हादसा एक बार फिर मानवरहित और अर्ध-मानवयुक्त रेलवे फाटकों की सुरक्षा, ट्रैफिक नियंत्रण, और रेलवे–सड़क समन्वय पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

