राजधानी रांची के सिल्ली थाना क्षेत्र में चाऊमीन दुकान संचालक हराधन महतो पर गोलाबारी मामले का खुलासा रांची पुलिस ने किया है. साथ ही पुलिस ने वारदात में शामिल चार अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है. मामले में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं.

7 जनवरी को हुई थी फायरिंग की वारदात

दरअसल, 7 जनवरी 2026 को सिल्ली थाना क्षेत्र के पतराहातु गांव में हराधन महतो को उनकी ही दुकान पर दो अज्ञात बदमाशों ने गोली मार दी थी. घायल हराधन के बयान न दे पाने पर उनकी पत्नी गंगा देवी के फर्द बयान पर सिल्ली थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी. जिसमें धारा 118(2)/109(1)/3(5) BNS और 26/27/35 आर्म्स एक्ट जोड़ा गया था.मामले के अनुसंधान को लेकर सिल्ली डीएसपी के नेतृत्व में एक टीम गठित की गई थी. जिसमें सिल्ली थानेदार सहित टेक्निकल टीम को भी शामिल किया गया था.

पत्नी थी साजिश में शामिल, चार लाख में हुई थी डील

पुलिस टीम को अनुसंधान के दौरान घायल हराधन महतो की पत्नी गंगा पर शक हुआ. जिसके बाद पुलिस ने जब गंगा देवी से पूछताछ की तो वह पुलिस के सामने टूट गई और पूरे कांड का खुलासा कर दिया. गंगा देवी के बयान के बाद यह खुलासा हुआ कि यह घटना प्रेम प्रसंग से प्रेरित सुपारी किलिंग का था. जिसमें हराधन की पत्नी भी शामिल पाई गईं. अनुसंधान में पता चला कि गंगा देवी और कंचन महतो के बीच 5 साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था. दोनों किसी भी कीमत पर हराधन को रास्ते से हटाना चाहते थे.

 

गुनाह को अंजाम देने के लिए कंचन महतो ने रांची के तमाड़ के रहने वाले दो शूटर सुनील चंद्र महतो और तारकेश्वर महतो को हायर किया था और उन्हें हराधन महतो की हत्या की सुपारी दी थी. 4 लाख रुपये में डील हुआ था. साजिश के तहत गंगा देवी ने खुद अपने पति की रेकी की और अपराधियों को उसका डिटेल दिया था.

इस पूरे मामले पर रांची के ग्रामीण एसपी प्रवीण पुष्कर ने बतायाहराधन महतो की हत्या की कोशिश पहले भी की गई थी, लेकिन अपराधी उस समय कामयाब नहीं हो पाए थे. इसके बाद 7 जनवरी को एक बार फिर से हराधन को मारने के लिए सुपारी देकर अपराधियों को भेजा गया था. गोलीबारी में इस बार भी हराधन महतो घायल होने के बावजूद बच गए. पुलिस की जांच में पूरी साजिश में हराधन की पत्नी की संलिप्तता सामने आई है. मामले में पुलिस ने सभी चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.