Jharkhand Maiya Samman Yojna nov

झारखंड सरकार की मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना से जुड़ी महिलाओं की चिंता इन दिनों बढ़ गई है। राज्यभर में चल रही फिजिकल वेरिफिकेशन प्रक्रिया कई जगहों पर धीमी पड़ गई है, जिसके कारण हजारों लाभार्थियों को अपनी अगली किस्त अटकने का डर सता रहा है।

सबसे ज्यादा परेशानी रामगढ़ जिले के घाटो क्षेत्र और आसपास की पंचायतों में देखने को मिल रही है। कई पंचायतों की महिलाओं का कहना है कि सत्यापन प्रक्रिया शुरू होने की सूचना तो दी जा रही है, लेकिन पंचायत स्तर पर स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पा रही है।

इचाकडीह, सोनडीहा और बसंतपुर जैसी पंचायतों में लाभुक लगातार पंचायत भवन और आंगनबाड़ी केंद्र के चक्कर काट रहे हैं। वहीं पंचायत सेवकों के पास भी प्रक्रिया को लेकर पूरी जानकारी नहीं होने की बात सामने आ रही है।

15 मई तक पूरी करनी होगी प्रक्रिया

योजना से जुड़े सूत्रों के मुताबिक फिजिकल वेरिफिकेशन की अंतिम तिथि 15 मई 2026 तय की गई है। तय समय तक सत्यापन नहीं होने पर महिलाओं की ₹2500 की मासिक सहायता राशि रुक सकती है।

50 साल पूरा होते ही हट रहा नाम

योजना में एक और बड़ी समस्या सामने आई है। 50 वर्ष की उम्र पूरी करते ही कई महिलाओं के नाम पोर्टल से स्वतः हट रहे हैं। इससे कई वरिष्ठ महिलाओं को आर्थिक सहायता मिलनी बंद हो गई है, जिससे उनमें नाराजगी बढ़ रही है।

सत्यापन के लिए जरूरी दस्तावेज

भौतिक सत्यापन के दौरान लाभुकों को कुछ जरूरी दस्तावेज जमा करने होंगे, जिनमें शामिल हैं:

आधार कार्ड

वोटर आईडी

बैंक पासबुक

राशन कार्ड की फोटोकॉपी

21वीं किस्त का इंतजार

जानकारी के अनुसार राज्य की करीब 51 से 56 लाख महिलाओं को योजना की 20वीं किस्त मिल चुकी है। हालांकि अप्रैल महीने की 21वीं किस्त जारी होने में देरी हो रही है। माना जा रहा है कि 10 मई के बाद राशि जारी की जा सकती है।

सरकार की ओर से साफ किया गया है कि भुगतान सिर्फ उन्हीं महिलाओं को मिलेगा जिनका डीबीटी सक्रिय होगा और वेरिफिकेशन सफल रहेगा।

लाभुक क्या करें?

तुरंत पंचायत भवन या आंगनबाड़ी केंद्र में संपर्क करें

बैंक खाता आधार से लिंक जरूर करवाएं

सभी दस्तावेज तैयार रखें

समस्या होने पर हेल्पलाइन नंबर 1800-890-0215 पर संपर्क करें